प्यारी-प्यारी नींद आती है नए सपने लेकर, आपकी हर सुबह आये ढेर सारी खुशियां लेकर।
चाय के कप से उठते धुयें में, तेरी सूरत नज़र आती है, तेरी यादों में मैं इतना खो जाता हूँ, अक्सर मेरी चाय ठंडी हो जाती है।
सुबह हुई और सारे फूल खिल गए, पंछी चहचहाए और अपने सफर पर उड़ गए, सूरज निकला और सारे तारे छिप गए, क्या आप अपनी मीठी नींद से उठ गए।
आज हमने सूरज की किरणों के साथ ये पैगाम भेजा है, उनकी ज़िन्दगी में खुशियां हो, दुआओ में ये नाम भेजा है, हमे वो बाहर आकर देखें हमने उन्हें गुड मॉर्निंग भेजा है।
बहारों में भी आज फिर क्या रँग छाया है, नीले आसमान में आज फिर सूरज निकल आया है, तू एक बार आज फिर मुस्कुरा दे, तुझसे मिलने आज फिर एक नया सवेरा आया है।
ऐ सुबह तू जब भी आती है, कितने चेहरे खिलाती है, कितने आँगन महकाती है, और मेरी आवाज सबको गुड मॉर्निंग कह जाती है।
